मोदी के रावण वाले पोस्टर पर राहुल ने नहीं लगाई फटकार, निराश हुए कार्यकर्ता

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हिंदी सटायर डेस्क। सोमवार को राहुल गांधी के अमेठी आने पर कांग्रेसी कार्यकर्ताओं ने ऐसा पोस्टर लगाया था जिसमें मोदी को रावण बताया गया, जबकि राहुल गांधी को राम (देखें तस्वीर)। कार्यकर्ताओं को उम्मीद थी कि राहुल भैया इस पर उन्हें भी फटकार लगाएंगे। लेकिन राहुल ने ऐसा नहीं किया। इससे कार्यकर्ता काफी मायूस हो गए। कुछ कार्यकर्ताओं ने तो उन पर दबी जुबान में भेदभाव करने तक का आरोप लगा दिया।

इससे पहले राहुल गांधी कई मौकों पर अपने नेताओं और कार्यकर्ताओं को उनके असंयमित व्यवहार पर फटकार लगा चुके हैं। ऐसे में राहुल के अमेठी दौरे के दौरान वहां के कुछ उत्साही कार्यकर्ताओं ने फटकार की उम्मीद में उक्त पोस्टर लगा दिया था। लेकिन राहुल ने इस पर एक शब्द तक नहीं कहा। पोस्टर लगाने वाले एक कार्यकर्ता ने नाम न छापने की कसम दिलाते हुए इस संवाददाता से कहा, “राहुल भैया के हाथों में धनुष बाण देना कितना कठिन काम था। लेकिन हमने किया इस उम्मीद में कि भैया हमें भी फटकार लगाएंगे। लेकिन भैया ने ऐसा नहीं किया।” कार्यकर्ता ने भावुक होते हुए कहा, “हम पिछड़े क्षेत्र से आते हैं ना! इसलिए हमें फटकार नहीं लगाई? भैया को ऐसा भेदभाव नहीं करना चाहिए। सबके साथ बराबरी का व्यवहार करना चाहिए।”

राहुल गांधी तीन बार फटकार लगा चुके हैं :

  • गुजरात चुनाव के दौरान मणिशंकर अय्यर ने नरेंद्र मोदी को ‘नीच’ कहा था। इस पर राहुल ने उन्हें न केवल फटकार लगाई, बल्कि पार्टी से बाहर का भी रास्ता दिखा दिया।
  • दिसंबर के आखिरी हफ्ते में राहुल गांधी के हिमाचल प्रदेश दौरे के दौरान एक महिला कांग्रेसी विधायक आशा कुमारी ने एक महिला कांस्टेबल को थप्पड़ जड़ दिया था। राहुल ने इस पर आशा कुमारी को फटकारे हुए कहा था कि यह कांग्रेस की संस्कृति नहीं है।
  • कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धरमैया ने हाल ही में आरएसएस और बीजेपी के नेताओं को आतंकी कहा था। इस पर भी राहुल ने उन्हें फटकारते हुए ऐसे शब्दों का इस्तेमाल नहीं करने की नसीहत दी थी।

    (Disclaimer : खबर का पहला हिस्सा कपोल-कल्पित है, लेकिन भावना सच्ची है यानी राजनीतिक व्यंग्य-सटायर करना। दूसरा हिस्सा तथ्यों पर अाधारित है।)

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